I’m not the only traveller…

Jam Gate : A place located at the outskirts of Indore, Madhya Pradesh, India. A perfect destination to hangout with friends, approx 30 km. far away from the main city and the journey itself is also mind blowing. Specially when you are a college student, You can have your जाम at the जाम without facing... Continue Reading →

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The First Drizzle!

"शायद तुम तपती गर्मी के बाद कि पहली फ़ुहार हो, जब जब आती हो, सुकून दे जाती हो!"

And they lived happily ever after!

एक शाम है और एक जाम है। ये पल सिर्फ तेरे ही नाम है । कुछ खास है कुछ आम है। मगर तू एक अंजाम है। इस अंजाम का एक रास्ता है। उस रास्ते का केवल एक मुसाफ़िर है। वो मुसाफ़िर हम हैं। और वो मंज़िल तुम हो । ये रास्ता खत्म नही होता है।... Continue Reading →

We Are In The Endgame Now!

एक दौर था जब मैं यहां आया, अपना घर छोड़, कहीं दूर एक ठिकाना मैंने पाया। . ढ़ेरों अंजान चेहरों के बीच अपनी पहचान बनाने, खुद को साबित करने और कुछ नए दोस्त बनाने। . जब शुरुआत की तो कुछ सही नही था, मैं औरों के लिए खास और दोस्त नहीं था। . जब दस्तक... Continue Reading →

बस तू खुश रहे : )

तू वो तीखी धार बन खड़ी हुई, जिससे हमारे रिश्ते की माला डरा करती थी। कभी दोनो ने प्यार से संजोयी थी जिसे, मनमोहक खूशबू थी जिसमे हमारे प्यार की। आज वो सारे फूल बिखर से गये, मानो मेरे सारे सपने एक ही साथ टूट से गए। उस टूटी हुई माला से अब तेरा कोई... Continue Reading →

वो तेरे साथ है।

पदचिन्ह है उनके, जिनपे आज तू आगे बढ़ा है। सपने थे उनके, जिन्हें आज तूने जिया है। यादें है उस वक़्त की, जिस वक्त उनका साथ एक वास्तविकता था। यादें हैं इस वक़्त की, जिस वक़्त उनकी सीख एक वास्तविकता है। तू मत घबरा, तू बढ़े चल। उन यादों को अपना आधार बना। उनका साथ... Continue Reading →

मन के हारे, मन के जीते ।

अभी तो शाख में पत्ते आये थे, अभी तो बारिश की फुहार आई थी। अभी तो काली घटा छाई थी, अभी तो चिड़िया ने चहक सुनाई थी। अभी तो उन पलों को मैंने जिया ही था, अभी उस खुशबू को महसूस किया ही था। अभी उस मुलाकात की खनक सुनाई दी थी, अभी तो मैंने... Continue Reading →

|| संगम ||

एक नदी और, एक झरना है, घाट घाट जिसे भरना है।। जंगल जंगल किनारे किनारे, हर डगर इसे पथिक पुकारें, हर राह इसे चलना है। कभी वर्षा, कभी सूखा, कभी हरियाली, कभी अंधेरा, मीलों दूर इसे बसना है। एक नदी और, एक झरना है, घाट घाट जिसे भरना है।। कभी गड्ढ़े कभी चट्टानें कभी रोड़े... Continue Reading →

HASHTAG DIFFERENCES

Have you ever thought,why were/are you not comfortable with the people you meet in your life? I just did! I mean I tried, and figured out what makes this difference... I think it's simple, this difference is build up by the difference that we have in our thinking. If you are unable to synchronize your... Continue Reading →

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